Monday, June 22, 2020

आखरी मुलाकात

वो जब आखरी बार तुम मुझसे मिली थी
तो तुमने कहा था कि एक बात अधूरी रह गई
पर मुझे लगा था कि वो मुलाकात ही अधूरी रह गई थी

तुमने शायद ये सोच लिया था,
कि ये आखिरी मुलाकात है
और तुमने उस मुलाकात को याद रखने के लिए
कुछ हमारी तस्वीरें भी ले ली थी

उस आखरी मुलाकात से पहले
हम अक्सर कई बार मिले थे
और शायद वो हर मुलाकातें 
कुछ हद तक पूरी हुई थी
पर कुछ हद तक;  हर वो मुलाकात भी अधूरी रहती थी
उन किसी भी मुलाकात में तुमने कभी कोई तस्वीर नहीं ली
क्यूंकि तुम्हे पता था अभी हम और मिलेंगे
हर  उन अधूरी मुलाकातों के बाद 
कभी अधुरापन नहीं लगा
क्यूंकि हर उन अधूरी मुलाकातों के बाद
फिर एक मुलाकात का होना मुमकिन दिखता था

उस आख़री मुलाकात के बाद 
जो शायद अधूरी रह गई थी
ना जाने सब कुछ कैसे नामुमकिन हो गया
हमारे रास्ते कुछ ऐसे बिछड़ रहे थे मानो 
जैसे हम अब और हम नहीं रहे 
हम अब मैं और तुम बन रहे थे

पर आज, जब कई सालों बाद मैं और तुम
फिर से हम बनकर बात करते है 
और फिर एक मुलाकात करने की कोशिश करते है
तो मानो ऐसा  लगता है हम फिर ज़रूर मिलेंगे 
ये मुलाकात भी होगी 
और शायद जो तुम्हारी बात, 
हमारी आखरी मुलाकात में अधूरी रह गई थी 
वो बात भी पूरी होगी 
मुझे यकीन है, 
कि यह मुलाकात इस बार अधूरी नहीं रहेगी ...
और मुझे यकीन है ,
कि यह मुलाकात इस बार आखरी भी नहीं होगी ।

No comments:

Post a Comment